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विरला व्हाइट झरेला के खिलाफ लामबन्द हुए ग्रामीण तहसीलदार को सौंपा ज्ञापन
September 29, 2020 • Aankhen crime par • मध्यप्रदेश

बड़वारा न्यूज़
विरला व्हाइट झरेला के खिलाफ लामबन्द हुए ग्रामीण तहसीलदार को सौंपा ज्ञापन
बिरला व्हाइट पुट्टी  कंपनी झरेला के खिलाफ किसानों का आक्रोश फूटा।
आज बड़वारा तहसील कार्यालय में ग्राम पंचायत भजिया के सह ग्राम छपरवाह स्थित बिरला व्हाइट पुट्टी झरेला की डोलोमाइट खदान जिस का संचालन पवन मित्तल के द्वारा किया जा रहा है और इन्हीं के द्वारा खनन  भी किया जा रहा है डोलोमाइट खदान के समीप ही पट्टा धारी ग्रामीण आदिवासियों की शासन से प्राप्त भूमि है जिसमें खनन के दौरान बचे हुए कचरे को उनकी भूमि पर फेंक कर भूमि को खराब कर दिया गया है जिससे किसानों की भूमि उपज हीन हो गई है । पट्टा धारी कृषक अपनी ही भूमि पर कृषि कार्य करने से वंचित हो रहे हैं एवं एवं अन्नदाता के समक्ष रोजी-रोटी की समस्या खड़ी हो गई है। बिरला व्हाइट पुट्टी द्वारा किसानों को खेती न करने देने का हवाला देकर शासकीय भूमि की मद परिवर्तन करने की चाल चली जा रही है।
   इस बात से व्यथित होकर सैकड़ों की  तादाद में ग्रामीण कृषक एवम मजदूर जिला पंचायत सदस्य धीरेंद्र बहादुर सिंह की  अगुआई में संगठित होकर   बड़वारा तहसीलदार को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा जिसमें इस बात का उल्लेख किया गया है की सन 2001 से 2018 तक खसरा नंबर 12 के कॉलम में किसी भी प्रकार कि कोई कैफियत दर्ज नहीं है इसके वावजूद 2019 में खसरा के कालम 12 में शासन से प्राप्त भूमि दर्ज दर्शा दी गई है जिसमें राजस्व अधिकारी द्वारा किसी भी प्रकार का आदेश नहीं दिया गया है अतः ग्रामीणों ने आग्रह किया है कि उक्त भूमिका का  मद परिवर्तन न किया जाए भूमि धारक आदिवासियों को उनका मालिकाना हक दिया जाए  जिससे गरीब आदिवासियों का जीवन सुरक्षित रहे तथा  आदिवासी किसानों के समक्ष रोजी-रोटी की समस्या न आने पाए एवम उनका जीवन निर्वहन होता रहे।किसान श्यामलाल, कालू लाल, गोपाल ,नन्नू, जयपाल, चंदू ,शोभा, कालू, नत्थू, छेदी, गोपाल ,अवसर,दुक्खु, गोरेलाल, राजकुमार सहित सैकड़ों किसान मौजूद रहे।
इनकी रही मौजूदगी- किसानों के हित की बात बड़वारा तहसीलदार के समक्ष रखने में बड़वारा के ही हर्ष द्विवेदी, राजेश सिंह धनवारा वाले इनका सराहनीय योगदान रहा।