ALL मध्यप्रदेश उत्तराखंड उत्तरप्रदेश गुजरात,राजस्थान छतीसगढ़,उड़ीसा दिल्ली हरियाणा,पंजाब महाराष्ट्र पंजाब,जम्मू कशमीर बिहार,झारखंड
कुपोषित बच्चों के परिवारों को मुख्य विकास अधिकारी ने गाय वितरित की,
September 22, 2020 • Aankhen crime par • उत्तरप्रदेश

कुपोषित बच्चों के परिवारों को मुख्य विकास अधिकारी ने गाय वितरित की,
मुख्य विकास अधिकारी द्वारा गर्भवती महिलाओं की गोद भराई एवं अन्न प्राशन्न कार्यक्रम सम्पादित किया गया
मा0 मुख्यमंत्री जी उत्तर प्रदेश सरकार ने महिलाओं, बच्चों एवं अन्य आयु वर्ग में कुपोषण को दूर करने हेतु जनपद में जिलाधिकारी के निर्देश में पोषण अभियान का शुभारम्भ किया गया जिसका उद्देश्य विभिन्न आयु वर्ग में व्याप्त कुपोषण की दरों में कमी लाना है, पोषण अभियान को जन भागीदारी यानी जन आन्दोलन बनाने हेतु माह सितम्बर महीनें को ‘‘राष्ट्रीय पोषण माह’’ के रूप में मनाया जाता है। इस वर्ष के पोषण माह का टैग लाइन ‘‘उत्तम पोषण, उत्तर प्रदेश रोशन’’ है। इस अभियान के अन्तर्गत महिलाओं और बच्चों का कुपोषण दूर करने में गोवंश की अत्यन्त उपयोगिता है। प्रत्येक परिवार में गोवंश उपलब्ध होने से दूध की उपलब्धता होगी जो बच्चों एवं माताओं के लिये अत्यन्त महत्वपूर्ण है। महिलाओं और बच्चों के पोषण स्तर को बेहतर करने के लिये शासन द्वारा निर्णय लिया गया कि कुपोषित बच्चों के परिवारों जिनके पास गाय रखने का स्थान उपलब्ध हो तथा गो-पालन के इच्छुक हो उन्हें निराश्रित/बेसहारा गोवंश आश्रय स्थलों से गाय उपलब्ध करायी जाये। जिलाधिकारी के निर्देशानुसार कान्हा गौशाला (रंजीतपुर चिलबिला) से इच्छुक अतिकुपोषित परिवारों के सदस्यों को मुख्य विकास अधिकारी अश्विनी कुमार पाण्डेय ने आज विकास खण्ड सदर के ग्राम बराछा में बविता पत्नी जितेन्द्र, लक्ष्मी पत्नी बद्री प्रसाद, रूमा वर्मा पत्नी प्रदीप कुमार पटेल निवासी रंजीतपुर, मो0 नुसरत जहां पत्नी तौफिक उल्ला निवासी दहिलामऊ व अन्जू मिश्रा पत्नी सूर्यमणि निवासी ग्राम लोहंगपुर विकास खण्ड सदर के लाभार्थियों को गाय वितरित की।
 इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी के द्वारा गर्भवती महिला की गोद भराई एवं अन्न प्राशन कार्यक्रम भी सम्पादित किया गया। राष्ट्रीय पोषण माह के अन्तर्गत फलों के किचन गार्डेन/न्यूट्री गार्डेन तथा पोषण वाटिका की उपयोगिता पर विशेष ध्यान आकर्षण किया गया जिसके सम्बन्ध में बाल विकास परियोजना अधिकारी सदर द्वारा बताया गया कि प्रत्येक आंगनबाड़ी केन्द्रों एवं लाभार्थियों के घरों में पोषण वाटिका एवं किचन गार्डेन का निर्माण कराया जा रहा है। जिला कार्यक्रम अधिकारी के द्वारा सहजन एवं अन्य औषधि युक्त पौधों के रोपण हेतु लोगों को प्रेरित किया गया। मुख्य पशु चिकित्साधिकारी द्वारा उपलब्ध कराये गये परिवारों के सदस्यों के गायों की समुचित चिकित्सा, टीकाकरण आदि निःशुल्क प्रदान किये जाने के सम्बन्ध में बताया गया तथा प्रत्येक माह स्वस्थ्य परीक्षण सम्बन्धित पशु चिकित्साधिकारी के द्वारा किया जायेगा एवं प्रत्येक माह गोवंश के सत्यापन के उपरान्त लाभार्थी के खाते में भरण-पोषण हेतु 900 रूपये की धनराशि अवमुक्त की जायेगी। मुख्य विकास अधिकारी ने इस अवसर पर कार्यक्रम में आये हुये ग्रामवासियों/पशुपालक से इस योजना का लाभ लेने के लिये प्रेरित किया तथा प्रत्येक विकास खण्ड में प्रथम चरण में 10-10 लाभार्थियों का चयन कर 30 सितम्बर 2020 तक गोवंश सुपुर्दगी अति कुपोषित परिवार को उपलब्ध कराये जाये। इस अवसर पर मुख्य पशु चिकित्साधिकारी, जिला कार्यक्रम अधिकारी, आंगनबाड़ी कार्यकत्री, मुख्य सेविका, पर्यावरण सेना के अजय क्रान्तिकारी आदि लोगा उपस्थित रहे।